जिले की परवलिया पुलिस ने गुरुवार की शाम एक ट्रक का पीछा कर 525 पेटी अंग्रेजी शराब की जब्त की। इसकी कीमत पौने तीन लाख रुपए बताई गई है। पुलिस ने ट्रक चालक के खिलाफ आबकारी एक्ट के तहत प्रकरण दर्ज किया है। इस बात की सूचना पुलिस को गुप्तचरों के जरिए मिली थी। इसके बाद नाका बंदी गई। शाम करीब सात बजे ट्रक क्रमांक एमपी 09 जीएफ 1466 का पीछा कर बायपास चौराहा विदिशा रोड पर पकड़ा। तलाशी लेने पर ट्रक से 525 पेटी राजधानी व्हिस्की की बरामद हुई। पुलिस ने आरोपी चालक सलाम खान (30) निवासी ग्राम पुरबोधा नाथू, उज्जैन को गिर तार कर प्रकरण दर्ज कर लिया है।
शुक्रवार, 1 नवंबर 2013
पीएमटी-2012 में भी हुआ था फर्जीवाड़ा
0 नकल कराने के लिए 700 छात्रों के रोल नंबर सेट कराए गए थे
भोपाल।
प्री मेडिकल टेस्ट (पीएमटी) की साल 2013 की परीक्षा की तरह ही पीएमटी-2012 की परीक्षा में भी नकल कराने के लिए छात्रों के रोल नंबर आगे-पीछे सेट कराए गए थे। रिमांड के दौरान हुई पूछताछ में व्यवसायिक परीक्षा मंडल के पूर्व नियंत्रक डॉ. पंकज त्रिवेदी, नितिन मोहिन्द्रा, अजय सेन, सीके मिश्रा, डॉ. संजीव शिल्पकार व जीएमसी अंतिम वर्ष के छात्र विकास ङ्क्षसह ने यह सनसनीखेज खुलासा किया है। इस खुलासे के बाद स्पेशल टॉस्क फोर्स (एसटीएफ) ने उक्त आधा दर्जन आरोपियों समेत चार अन्य के खिलाफ ाी प्रकरण पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया है। साल 2012 की परीक्षा में करीब 700 छात्रो को नकल कराने के लिए रोल नंबर मनमाफिक तरीक से सेट कराए गए थे।
एसटीएफ से मिली जानकारी के मुताबिक पीएमटी-2013 में फर्जीवाड़ा करने वाले व्यापमं के अधिकारी पूर्व नियंत्रक डॉ. पंकज त्रिवेदी, नितिन मोहिन्द्रा, अजय सेन, सीके मिश्रा, डॉ. संजीव शिल्पकार व विकास सिंह के खिलाफ इंदौर के राजेन्द्र नगर थाने में प्रकरण दर्ज कर उन्हें रिमांड पर लिया गया है। पूछताछ में पीएमटी-2012 की परीक्षा में भी करीब सात सौ अ यथिर्यों के रोल नंबर षडयंत्रपूर्वक आगे-पीछे सेट कराकर उत्तीण कराया गया था। आरोपियों से हुए खुलासे के बाद एसटीएफ ने व्यापमं के साल 2012 के क प्यूटर डाटा की जांच कराई। क प्यूटर डाटा की जांच के बाद पता चला कि करीब 700 छात्रों के रोल नंबर षडयंत्रपूर्वक सेट कराए गए थे। इसी आधार पर एसटीएफ ने डॉ. पंकज त्रिवेदी, नितिन मोहिन्द्रा, अजय सेन, सीके मिश्रा, डॉ. संजीव शिल्पकार, विकास सिंह, तरंग शर्मा निवासी भोपाल, सुधीर राय निवासी इंदौर, सोनू पचौरी निवासी भिंड, अमित निमावत निवासी झुंझनू राजस्थान के खिलाफ प्रकरण पंजीबद्ध किया है। एसटीएफ की टीम ने अब साल 2012 की परीक्षा में शामिल हुए समस्त फर्जी छात्रों की जानकारी तथा संचालक चिकित्सा शिक्षा से अंतिम रूप से प्रदेश के विभिन्न शासकीय व निजी मेडिकल कॉलेजों में प्रवेश लेने वाले छात्रों की जानकारी मंगाई जा रही है। रिमांड पर लिए आरोपियों से पीएमटी-2012 की परीक्षा में शामिल हुए छात्रों से लिए पैसों की जानकारी भी उगवाई जा रही है।
तीनों आरोपी रिमांड पर
टायपिंग परीक्षा फर्जीवाड़ा मामले में बुधवार को गिर तार किए गए तीनों आरोपियों विजय सिंह लोधी, संजय अवस्थी व विजय कुमार राम को कोर्ट में पेश कर आगामी दो नवंबर तक के लिए रिमांड पर लिया गया है। आरोपी विजय लोधी व विजय कुमार राम की निशानदेही पर एसटीएफ ने गुरुवार 31 अक्टूबर को नेहरू मार्केट बरखेड़ा स्थित टायपिंग इंस्टीट्यूट के मालिक मणीवनन स्वामी पुत्र एनपी स्वामी को गिर तार कर 9 टाइपराइटर जब्त किए हैं। पूछताछ में पता चला है कि उक्त दोनों आरोपी मणीवनन को टायपिंग करने के लिए कॉपियां लाकर देते थे। दूसरी ओर मध्यप्रदेश राज्य ओपन परीक्षा फर्जीवाड़ा मामले में 30 अक्टूबर को गिर तार हुए तीनों आरोपियों को संगीता राणे, संदीप राणे व गायत्री नेगी को गुरुवार को कोर्ट में पेश किय गया, जहां से उन्हें जेल भेजने के आदेश जारी हुए।
भोपाल।
प्री मेडिकल टेस्ट (पीएमटी) की साल 2013 की परीक्षा की तरह ही पीएमटी-2012 की परीक्षा में भी नकल कराने के लिए छात्रों के रोल नंबर आगे-पीछे सेट कराए गए थे। रिमांड के दौरान हुई पूछताछ में व्यवसायिक परीक्षा मंडल के पूर्व नियंत्रक डॉ. पंकज त्रिवेदी, नितिन मोहिन्द्रा, अजय सेन, सीके मिश्रा, डॉ. संजीव शिल्पकार व जीएमसी अंतिम वर्ष के छात्र विकास ङ्क्षसह ने यह सनसनीखेज खुलासा किया है। इस खुलासे के बाद स्पेशल टॉस्क फोर्स (एसटीएफ) ने उक्त आधा दर्जन आरोपियों समेत चार अन्य के खिलाफ ाी प्रकरण पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया है। साल 2012 की परीक्षा में करीब 700 छात्रो को नकल कराने के लिए रोल नंबर मनमाफिक तरीक से सेट कराए गए थे।
एसटीएफ से मिली जानकारी के मुताबिक पीएमटी-2013 में फर्जीवाड़ा करने वाले व्यापमं के अधिकारी पूर्व नियंत्रक डॉ. पंकज त्रिवेदी, नितिन मोहिन्द्रा, अजय सेन, सीके मिश्रा, डॉ. संजीव शिल्पकार व विकास सिंह के खिलाफ इंदौर के राजेन्द्र नगर थाने में प्रकरण दर्ज कर उन्हें रिमांड पर लिया गया है। पूछताछ में पीएमटी-2012 की परीक्षा में भी करीब सात सौ अ यथिर्यों के रोल नंबर षडयंत्रपूर्वक आगे-पीछे सेट कराकर उत्तीण कराया गया था। आरोपियों से हुए खुलासे के बाद एसटीएफ ने व्यापमं के साल 2012 के क प्यूटर डाटा की जांच कराई। क प्यूटर डाटा की जांच के बाद पता चला कि करीब 700 छात्रों के रोल नंबर षडयंत्रपूर्वक सेट कराए गए थे। इसी आधार पर एसटीएफ ने डॉ. पंकज त्रिवेदी, नितिन मोहिन्द्रा, अजय सेन, सीके मिश्रा, डॉ. संजीव शिल्पकार, विकास सिंह, तरंग शर्मा निवासी भोपाल, सुधीर राय निवासी इंदौर, सोनू पचौरी निवासी भिंड, अमित निमावत निवासी झुंझनू राजस्थान के खिलाफ प्रकरण पंजीबद्ध किया है। एसटीएफ की टीम ने अब साल 2012 की परीक्षा में शामिल हुए समस्त फर्जी छात्रों की जानकारी तथा संचालक चिकित्सा शिक्षा से अंतिम रूप से प्रदेश के विभिन्न शासकीय व निजी मेडिकल कॉलेजों में प्रवेश लेने वाले छात्रों की जानकारी मंगाई जा रही है। रिमांड पर लिए आरोपियों से पीएमटी-2012 की परीक्षा में शामिल हुए छात्रों से लिए पैसों की जानकारी भी उगवाई जा रही है।
तीनों आरोपी रिमांड पर
टायपिंग परीक्षा फर्जीवाड़ा मामले में बुधवार को गिर तार किए गए तीनों आरोपियों विजय सिंह लोधी, संजय अवस्थी व विजय कुमार राम को कोर्ट में पेश कर आगामी दो नवंबर तक के लिए रिमांड पर लिया गया है। आरोपी विजय लोधी व विजय कुमार राम की निशानदेही पर एसटीएफ ने गुरुवार 31 अक्टूबर को नेहरू मार्केट बरखेड़ा स्थित टायपिंग इंस्टीट्यूट के मालिक मणीवनन स्वामी पुत्र एनपी स्वामी को गिर तार कर 9 टाइपराइटर जब्त किए हैं। पूछताछ में पता चला है कि उक्त दोनों आरोपी मणीवनन को टायपिंग करने के लिए कॉपियां लाकर देते थे। दूसरी ओर मध्यप्रदेश राज्य ओपन परीक्षा फर्जीवाड़ा मामले में 30 अक्टूबर को गिर तार हुए तीनों आरोपियों को संगीता राणे, संदीप राणे व गायत्री नेगी को गुरुवार को कोर्ट में पेश किय गया, जहां से उन्हें जेल भेजने के आदेश जारी हुए।
पीठासीन व मतदान दल क्रमांक -1 को मतदान कराने दी ट्रेङ्क्षनग
- शहीद भवन व पॉलीटेक्रिक में प्रशिक्षण संपन्न
भोपाल।
जो पीठासीन अधिकारी व मतदान दल क्रमांक एक अधिकारी तीन दिवसीय प्रशिक्षण शिविर में नहीं पहुंचे, उन्हें गुरूवार को एक और मौका दिया गया था। इस मौका का फायदा कई अधिकारी-कमर्चारियों ने उठाया और वह ट्रेनिंग लेने पहुंचे। उनके साथ वे नए अधिकारी भी पहुंचे, जिनको टे्रेनिंग के लिए बुलाया गया था। सुबह 10 बजे से दोपहर दो बजे तक शहीद भवन और सरदार वल्लभ भाई पटेल पॉलीटेक्निक कॉलेज के सभागार में उन सभी अधिकारियों को मतदान कराने का प्रशिक्षण दिया जाएगा। हालांकि कुछ अधिकारी इसके बाद भी ट्रेङ्क्षनग लेने नहीं पहुंचे। अब उन पर गाज गिरना लगभग तय है।
भोपाल।
जो पीठासीन अधिकारी व मतदान दल क्रमांक एक अधिकारी तीन दिवसीय प्रशिक्षण शिविर में नहीं पहुंचे, उन्हें गुरूवार को एक और मौका दिया गया था। इस मौका का फायदा कई अधिकारी-कमर्चारियों ने उठाया और वह ट्रेनिंग लेने पहुंचे। उनके साथ वे नए अधिकारी भी पहुंचे, जिनको टे्रेनिंग के लिए बुलाया गया था। सुबह 10 बजे से दोपहर दो बजे तक शहीद भवन और सरदार वल्लभ भाई पटेल पॉलीटेक्निक कॉलेज के सभागार में उन सभी अधिकारियों को मतदान कराने का प्रशिक्षण दिया जाएगा। हालांकि कुछ अधिकारी इसके बाद भी ट्रेङ्क्षनग लेने नहीं पहुंचे। अब उन पर गाज गिरना लगभग तय है।
एसडीएम ने जुड़वाए नाम , भोपाल
गोविंदपुरा क्षेत्रांतर्गत आने वाले मिनॉल रेसीडेंसी के पीछे स्थित रूपनगर कालोनी में रहने वाले छह परिवारों की गुरूवार को जैसे किस्मत की खुल गई। दोपहर करीब साढ़े 12 बजे अचानक गोविंदपुरा विधानसभा क्षेत्र के आरओ व एसडीएम एमपी नगर रितु चौहान व एआरओ अतुल सिंह की गाडि?ां उनके घर के सामने रूकी। आरओ ने सभी परिवारों ने मतदाता सूची में नाम न जुड़ पाने का कारण पूछा और जिनके नाम मतदाता सूची में नहीं हैं, उनसे फार्म-छह भरवाया। कुल सात लोगों ने अपने आवेदन भरकर जमा किए। इसके बाद आरओ से उन्हें आश्वासन दिलाया कि उनका नाम जल्द ही मतदाता सूची में जुड़ जाएगा। गुरूवार को इन्होंने फार्म भरे।
इधर एआरओ अतुल सिंह ने बताया कि रूपनगर में रहने वाले छह परिवारों में से दो परिवार(वीरेंद्र सक्सेना व ओपी सक्सेना) के 10 सदस्यों ने मतदाता सूची में नाम जोड?े के लिए जिला निर्वाचन कार्यालय में क्रमश: 25 व 29 अक्टूबर को आवेदन जमा किया है। वे सभी इस बार के विधानसभा चुनाव में मतदान कर सकेंगे। उनके नाम प्रमुखता से जोड़े जाएंगे। यहीं नहीं जिन 7 लोगों के आवेदन भरवाए गए हैं, उनके नाम भी जल्द ही जोड़े जाएंगे। इधर बीयू में असिस्टेंट प्रोफेसर राजेंद्र सक्सेना ने बताया कि जैसे ही पीली बस्ती की गाडि?ां घर के सामने रूकी, तो हम चौक पड़े। लगा अवैध कालोनी समझकर प्रशासन इसे तोड?े आया है, लेकिन जब गाडि?ों में से उतरे अधिकारियों ने नाम जोड?े के लिए फार्म भरकर देने की बात कही तब जाकर माजरा समझ में आया। उन्होंने बताया कि मतदाता सूची में नाम जुड़वाने के लिए पिछले तीन साल से लगातार आवेदन लगा रहे थे। अब जाकर हमारी गुहार सुनी गई है।
इधर एआरओ अतुल सिंह ने बताया कि रूपनगर में रहने वाले छह परिवारों में से दो परिवार(वीरेंद्र सक्सेना व ओपी सक्सेना) के 10 सदस्यों ने मतदाता सूची में नाम जोड?े के लिए जिला निर्वाचन कार्यालय में क्रमश: 25 व 29 अक्टूबर को आवेदन जमा किया है। वे सभी इस बार के विधानसभा चुनाव में मतदान कर सकेंगे। उनके नाम प्रमुखता से जोड़े जाएंगे। यहीं नहीं जिन 7 लोगों के आवेदन भरवाए गए हैं, उनके नाम भी जल्द ही जोड़े जाएंगे। इधर बीयू में असिस्टेंट प्रोफेसर राजेंद्र सक्सेना ने बताया कि जैसे ही पीली बस्ती की गाडि?ां घर के सामने रूकी, तो हम चौक पड़े। लगा अवैध कालोनी समझकर प्रशासन इसे तोड?े आया है, लेकिन जब गाडि?ों में से उतरे अधिकारियों ने नाम जोड?े के लिए फार्म भरकर देने की बात कही तब जाकर माजरा समझ में आया। उन्होंने बताया कि मतदाता सूची में नाम जुड़वाने के लिए पिछले तीन साल से लगातार आवेदन लगा रहे थे। अब जाकर हमारी गुहार सुनी गई है।
आज से जमा होंगे नाम निर्देश पत्र , भोपाल
विधानसभा चुनाव में मैदान में उतरने वाले उम्मीदवार शुक्रवार से विधिवत रूप से नाम निर्देशन पत्र निर्धारित स्थानों पर जाम कर सकेंगे। कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी निशांत वरवड़े ने बताया, निर्वाचन सूचना जारी होने के बाद एक नवंबर को सुबह 11 बजे से नाम निर्देशन पत्र वितरण का कार्य शुरू होगा। यह काम 8 नवंबर तक चलेगा।
अवकाश का दिन छोड़कर यह प्रक्रिया लगातार जारी रहेगी। पत्रों का वितरण प्रतिदिन दोपहर 1 से 3 बजे तक होगा। श्री वरवड़े ने कहा, नाम निर्देशन पत्रों की प्रस्तुति और संवीक्षा के समय अभ्यार्थी प्रस्थापक सहित कुल चार व्यक्ति ही रिटर्निंग आॅफिसर के सामने उपस्थित हो सकेंगे।
यहां जमा होंगे पत्र
विधानसभा क्षेत्र - केंद्र
149-बैरसिया - अनुविभागीय अधिकारी कार्यालय बैरसिया
150-भोपाल उत्तर - अनुविभागीय अधिकारी कार्यालय बैरागढ़ वृत्त कक्ष क्रमांक - 119
151-नरेला - अनुविभागीय अधिकारी कार्यालय गोविंदपुरा सर्किल
152-भोपाल दक्षिण-पश्चिम - न्यायालय अपर कलेक्टर कक्ष क्रमांक - 144
153-भोपाल मध्य - अनुविभागीय अधिकारी कार्यालय नजूल शहर सर्किल
154-गोविंदपुरा - न्यायालय अपर जिला दण्डाधिकारी कक्ष क्रमांक -152
155- हुजूर - अनुविभागीय अधिकारी तहसील हुजूर सर्किल
-11 तक लेंगे नाम वापस
श्री वरवड़े ने बताया, संवीक्षा 9 नवंबर को उन्हीं स्थानों पर होगी। जहां आठ नवंबर तक नाम निर्देशन-पत्र प्राप्त किए जाएंगे। 11 नवंबर तक प्रत्याशी अपना नाम वापस ले सकेंगे।
-10 हजार होगी प्रतिभूति राशि
नाम निर्देशन पत्र लेने सामान्य उम्मीदवार व उनके कार्यकर्ता को 10 हजार रुपए की प्रतिभूति राशि जमा करानी होगी। इसके बाद ही उन्हें आवेदन-पत्र दिया जाएगा। वहीं आरक्षित वर्ग के लिए प्रतिभूति सीमा 5 हजार रुपए तय की गई है।
अवकाश का दिन छोड़कर यह प्रक्रिया लगातार जारी रहेगी। पत्रों का वितरण प्रतिदिन दोपहर 1 से 3 बजे तक होगा। श्री वरवड़े ने कहा, नाम निर्देशन पत्रों की प्रस्तुति और संवीक्षा के समय अभ्यार्थी प्रस्थापक सहित कुल चार व्यक्ति ही रिटर्निंग आॅफिसर के सामने उपस्थित हो सकेंगे।
यहां जमा होंगे पत्र
विधानसभा क्षेत्र - केंद्र
149-बैरसिया - अनुविभागीय अधिकारी कार्यालय बैरसिया
150-भोपाल उत्तर - अनुविभागीय अधिकारी कार्यालय बैरागढ़ वृत्त कक्ष क्रमांक - 119
151-नरेला - अनुविभागीय अधिकारी कार्यालय गोविंदपुरा सर्किल
152-भोपाल दक्षिण-पश्चिम - न्यायालय अपर कलेक्टर कक्ष क्रमांक - 144
153-भोपाल मध्य - अनुविभागीय अधिकारी कार्यालय नजूल शहर सर्किल
154-गोविंदपुरा - न्यायालय अपर जिला दण्डाधिकारी कक्ष क्रमांक -152
155- हुजूर - अनुविभागीय अधिकारी तहसील हुजूर सर्किल
-11 तक लेंगे नाम वापस
श्री वरवड़े ने बताया, संवीक्षा 9 नवंबर को उन्हीं स्थानों पर होगी। जहां आठ नवंबर तक नाम निर्देशन-पत्र प्राप्त किए जाएंगे। 11 नवंबर तक प्रत्याशी अपना नाम वापस ले सकेंगे।
-10 हजार होगी प्रतिभूति राशि
नाम निर्देशन पत्र लेने सामान्य उम्मीदवार व उनके कार्यकर्ता को 10 हजार रुपए की प्रतिभूति राशि जमा करानी होगी। इसके बाद ही उन्हें आवेदन-पत्र दिया जाएगा। वहीं आरक्षित वर्ग के लिए प्रतिभूति सीमा 5 हजार रुपए तय की गई है।
गुरुवार, 31 अक्टूबर 2013
सहायक मत केंद्रों के लिए हुआ रेण्डमाइजेशन , भोपाल
जिले में बनाए गए नवीन सहायक मतदान केंद्रों के लिए बुधवार को रेण्डमाइजेशन हुआ। इसमें जिले के तीन विधानसभा क्षेत्रों में नए मतदान केन्द्रों के लिए ईवीएम मशीनों का रेण्डमाइजेशन बेनजीर ग्राउंड में हुआ। रेण्डमाइजेशन के दौरान अपर कलेक्टर एवं उप जिला निर्वाचन अधिकारी अक्षय सिंह व रिटर्निंग आॅफिसर मौजूद थे। इस विधानसभा चुनाव में दक्षिण-पश्चिम-152, गोविन्दपुरा-154 में एक-एक और हुजूर विधानसभा क्षेत्र में छह नए मतदान केन्द्र बनाए गए हैं। इनका ही बुधवार को रेण्डमाईजेशन किया गया।
यथावत रहेंगे बीएलओ . भोपाल
जिले में जितने भी बूथ लेवल आॅफिसर (बीएलओ) हैं वह यथावत रहेंगे। यह निर्देश जिला निर्वाचन कार्यालय द्वारा जारी किए गए हैं। आदेश में कहा गया है कि जिन अधिकारी-कर्मचारियों की ड्यूटी जिस केंद्र पर लगी है वह उन स्थानों से बदले नहीं जााएंगे। यदि निर्वाचन कार्यालय द्वारा किसी अन्य कार्य में उनकी ड्यूटी लगाई जाती है या लगाई गई तो ड्यूटी निरस्त की जाएगी।
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