गुरुवार, 11 जुलाई 2013

सालभ्ज्ञर में 24 किलो लीटर केरोसीन कोटा घटा

  - गरीबों को केरोसीन पाने करना पड़ रहा संघर्ष 
  - लगातार भेजा जा रहा आवंटन बढ़ाने का प्रस्ताव 
भोपाल। 
राजधानी भोपाल में गरीबों की सं या में स्थिरता आने के बजाय, लगातार बढ़ती जा रही है। अब जिले में ढाई लाख से अधिक बीपीएल व अत्योदय कार्ड धारक हैं। इधर काडर्धारक की सं या बढ?े के आधार पर कोटा बढ?े की बजाय लगातार घटता ही जा रहा है। बात यदि केरोसीन कोटे की करें तो पिछले एक साल में 24 किलोलीटर यानि 24 हजार लीटर की कमी की गई है। गरीबों को केरोसीन पाने के लिए मशक्कत करनी पड़ रही है। जो पहले दुकानों पर पहुंच जाता है उसे केरोसीन मिल जाता है, जबकि अन्य को अगले महीनें का इंतजार करना पड़ता है। 

 दो चरणों में घटाया कोटा - बीते एक साल में 20 हजार से अधिक गरीबों के बीपीएल राशनकार्ड बने हैं, जबकि केरोसीन का कोटा 17 लाख 64 हजार किलो लीटर से घटकर 17 लाख 40 हजार किलोलीटर कम कर दिया गया है। हालांकि यह कोटा एक दम नहीं बल्कि दो चरणों में कम किया गया है। पहले चरण में 12 हजार किलो लीटर कम किया गया, इसके बाद दूसरे चरण में फिर 12 हजार किलोलीटर घटाया गया। इससे बीपीएल काडर्धारकों को अपने घर का चूल्हा जलाने में दिक्कत आ रही है। कोटा घटाने के संबंध में जब खाद्य विभाग के अधिकारियों से चर्चा की गई तो उन्होंने भी इस संबंध में कुछ भी बोलने से साफ इंकार कर दिया,लेकिन उन्होंने यह जरूर बताया कि घटे इस कोटे को बढ़ाने का प्रस्ताव भेजा जा रहा है। 

4800 गरीब प्रतिमाह हो रहे केरोसीन से वंचित - 24 हजार लीटर केरोसीन के आधार पर हितग्राहियों का आंकलन करें तो जिले में करीब 4800 गरीब केरोसीन पाने से वंचित हो रहे हैं, क्योंकि बीपीएल व अन्त्योदय के राशनकाडर्धारियों को पांच लीटर प्रतिमाह देने का प्रावधान हैं। वह भी पहले आओ पहले पाओ की तर्ज पर। इसके आधार पर पहले जो भी गरीब केरोसीन लेने पहुंचता है, उसे तो मिल जाता है, लेकिन जो बाद में पहुंचता है, वह केरोसीन से वंचित रह जाता है। यह स्थिति तो केरोसीन कोटे के घटने से है। जिले में केरोसीन की हो रही कालाबाजारी से करीब 42 हजार राशनकार्ड धारकों को प्रतिमाह केरोसीन नहीं मिल पाता है। इस तरह कुल मिलाकर 90 हजार गरीब काडर्धारक ऐसे हैं, जो केरोसीन के लिए प्रतिमाह भटकते हैं। 

अब राशनदुकानदार बना रहे दबाब - केरोसीन के लगातार घट रहे कोटे को बढ़ाने के लिए अब राशन दुकानदार भी एकजुट होने लगे हैं। उनका कहना है कि जिस काडर्धारक को केरोसीन नहीं मिल पाता है वहीं शिकायत करने पहुंच जाता है। इसके चलते केरोसीन के कोटे को बढ़ाने के लिए लगातार दबाव बनाया जा रहा है। इधर इस दबाव का असर भी देखने को मिल रहा है। खाद्य अधिकारियों ने केरोसीन आवंटन का कोटा बढ़ाने संबंधी एक प्रस्ताव खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति निगम को भेज दिया है। 

 बोले अधिकारी - 
 जिले में बीपीएल काडर्धारियों को केरोसीन का आवंटन बढ़ाने के लिए शासन से मांग की गई है। 
 एचएस परमार, जिला खाद्य आपूर्ति नियंत्रक 

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